
Building a Self-Reliant Workforce: The Impact of Workerlly on India’s Gig Economy
Introduction: The Shift Toward Self-Reliance India’s workforce is one of its greatest strengths. With over
कश्मीर को भारत में मिलाकर धारा – 370 को हटाने के बाद से वहाँ पर काफ़ी हद तक आतंकवाद से सम्बन्धित घटनाएँ कम हो गई थीं। अब लगभग 3 साल के बाद फिर से घाटी में आतंकवाद सक्रीय हो गया है।
बीते दिनों कुछ संदिग्ध आतंकवादियों ने दक्षिण कश्मीर में हमला किया तथा Kashmir Light Infantry (JAKLI) Regiment के एक 28 वर्षीय जवान जावेद अहमद वानी को kidnap अपहरण कर लिया। जावेद अहमद वानी ईद के आसपास छुट्टी लेकर घर आए थे तथा उन्होनें रविवार को वापस आकर duty join करनी थी।
जावेद उस समय कार चला रहे थे, जब वह अपने घर से मात्र 100 मीटर की दूरी पर लापता हो गए। उनकी लावारिस कार मिली है तथा उनकी खोज के लिए search operation शुरू किया गया।
साल 2017 में भी ऐसा ही एक मामला सामने आया था, जब शोपियाँ में lieutenant उमर फैयाज़ को कश्मीर में एक family function से kidnap कर लिया गया था। अगवा किए गए इस young army officer को मारने से पहले बेरहमी से torture किया गया था। Rajputana Rifles के इस lieutenant, फैयाज को बहुत चोटें आईं तथा उनके जबड़े और पेट पर गोलियाँ लगी थीं।
2020 में कुलगाम district में सेना के जवान शाकिर मंज़ूर को kidnap कर लिया था। लगभग 1 साल तक तलाश करने के बाद उनका शव कुलगाम में मिला। साल 2022 में, मध्य कश्मीर के बडगाम district में सेना के एक जवान समीर अहमद मल्ला को kidnap कर लिया गया।
अब दक्षिण कश्मीर के कुलगाम district में शनिवार को सेना के जवान जावेद अहमद वानी को kidnap कर लिया गया है। ऐसी situation security agencies के लिए एक बड़ी चिन्ता का कारण बन गया है क्योंकि दक्षिण कश्मीर के कुलगाम तथा शोपियाँ belt में लगातार ऐसी घटनाएँ घट रही हैं।
Disclaimer : इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल मनोरंजन और सामान्य जानकारी के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है। हमारा यह ब्लॉग पूर्णता, विश्वसनीयता और सटीकता के बारे में कोई वारंटी नहीं देता है। यदि आप इस website से सम्बन्धित जानकारी को लेकर कोई भी कार्रवाई करते हैं, तो वह पूरी तरह से आपका अपना जोखिम होगा।
Introduction: The Shift Toward Self-Reliance India’s workforce is one of its greatest strengths. With over
Introduction: Breaking Free from the Chains of Exploitation For decades, India’s workforce — especially its
I’ll write this from a CEO’s perspective, keeping it visionary, professional, and engaging, with storytelling
India stands on the cusp of a massive employment transformation. With over 450 million people